जमुई/बिहार। डीएम नवीन कुमार के नेतृत्व में जमुई जिला प्रशासन बिहार सरकार की महत्वाकांक्षी योजना ‘सात निश्चय-3’ के मूल मंत्र ‘सबका सम्मान-जीवन आसान’ को धरातल पर उतारने की दिशा में लगातार सक्रिय नजर आ रहा है। इसी क्रम में बीते शुक्रवार को समाहरणालय स्थित कार्यालय प्रकोष्ठ में जनता दरबार का आयोजन किया गया, जहां जिले के विभिन्न क्षेत्रों से पहुंचे लोगों ने अपनी समस्याएं जिला पदाधिकारी के समक्ष रखीं। जन-सुनवाई के दौरान जिला पदाधिकारी ने फरियादियों की समस्याओं को गंभीरता और संवेदनशीलता के साथ सुना तथा संबंधित विभागों को शीघ्र कार्रवाई के निर्देश दिए।
17 से अधिक मामलों की हुई सुनवाई
जनता दरबार में भूमि विवाद, पुलिस प्रशासन, शिक्षा विभाग, विद्युत विभाग, अनुमंडल लोक शिकायत निवारण, लंबित वेतन भुगतान सहित विभिन्न विभागों से जुड़े 17 से अधिक मामलों की सुनवाई की गई। जिला पदाधिकारी ने प्रत्येक आवेदन का सूक्ष्म अवलोकन करते हुए संबंधित अधिकारियों से दूरभाष पर बात की और समस्याओं के समयबद्ध निष्पादन का निर्देश दिया।
प्रशासनिक संवेदनशीलता का दिखा प्रभाव
जन-सुनवाई के दौरान जिला पदाधिकारी ने स्पष्ट कहा कि जिला प्रशासन का उद्देश्य केवल शिकायतें प्राप्त करना नहीं, बल्कि जन-समस्याओं का स्थायी समाधान सुनिश्चित करना है। उन्होंने कहा कि शासन की प्राथमिकता समाज के अंतिम व्यक्ति तक सरकारी योजनाओं और सुविधाओं का लाभ पहुंचाना है, ताकि हर नागरिक सम्मानपूर्वक और सुगम जीवन जी सके।
अधिकारियों को दिए सख्त निर्देश
जिला पदाधिकारी ने संबंधित विभागीय पदाधिकारियों को निर्देशित करते हुए कहा कि जनता से जुड़े मामलों में किसी प्रकार की लापरवाही स्वीकार नहीं की जाएगी। उन्होंने सभी मामलों का निष्पादन पारदर्शिता, संवेदनशीलता और जवाबदेही के साथ करने पर जोर दिया। साथ ही लंबित मामलों को प्राथमिकता के आधार पर निपटाने का निर्देश भी दिया गया।
फरियादियों में दिखा संतोष
मौके पर ही समस्याओं के समाधान हेतु निर्देश जारी होने से जनता दरबार में पहुंचे लोगों के चेहरों पर संतोष देखने को मिला। कई फरियादियों ने जिला प्रशासन की इस पहल की सराहना करते हुए कहा कि इस तरह की जन-सुनवाई से आम नागरिकों का प्रशासन पर विश्वास मजबूत होता है।
जन-केंद्रित शासन की ओर मजबूत कदम
जिला प्रशासन की यह पहल जिले में पारदर्शी, जवाबदेह एवं जन-केंद्रित शासन व्यवस्था को मजबूत करने की दिशा में महत्वपूर्ण मानी जा रही है। जनता दरबार के माध्यम से प्रशासन और आमजनों के बीच सीधा संवाद स्थापित हो रहा है, जिससे समस्याओं के त्वरित समाधान की उम्मीद बढ़ी है।






