गिद्धौर/जमुई। शनिवार को जीविका गिद्धौर के तत्वावधान में सामुदायिक स्तर की संस्था (सीएलएफ) की एक महत्वपूर्ण बैठक का आयोजन किया गया। बैठक का संचालन प्रखंड कार्यक्रम प्रबंधक (जीविका) रणधीर कुमार द्वारा किया गया। बैठक का मुख्य उद्देश्य फाइलेरिया जैसी गंभीर बीमारी के उन्मूलन को लेकर समुदाय स्तर पर जागरूकता फैलाना रहा।
इस अवसर पर स्वास्थ्य विभाग एवं पिरामल फाउंडेशन के संयुक्त तत्वावधान में फाइलेरिया उन्मूलन जागरूकता अभियान चलाया गया। अभियान के तहत फाइलेरिया रोग के कारण, लक्षण, बचाव एवं उपचार की जानकारी विस्तारपूर्वक दी गई। स्वास्थ्य विभाग की ओर से विकास कुमार (वीडीसीओ) तथा पिरामल फाउंडेशन की ओर से निशांत सोनकर बैठक में उपस्थित रहे।
बैठक में पिरामल फाउंडेशन से आए कार्यक्रम पदाधिकारी राकेश कुमार ने आगामी 10 फरवरी से शुरू होने वाले “सर्वजन दवा सेवन” फाइलेरिया उन्मूलन कार्यक्रम की विस्तृत जानकारी दी। उन्होंने बताया कि इस अभियान के अंतर्गत सभी पात्र लोगों को नियमित रूप से दवा का सेवन कराना अत्यंत आवश्यक है, ताकि फाइलेरिया रोग को जड़ से समाप्त किया जा सके। उन्होंने दवा सेवन को लेकर फैली भ्रांतियों को दूर करने और लोगों को जागरूक करने पर विशेष जोर दिया।
बैठक में उपस्थित सीएलएफ सदस्यों से अपील की गई कि वे अपने-अपने गांव एवं टोले में जाकर लोगों को फाइलेरिया से बचाव और दवा सेवन के महत्व के बारे में जागरूक करें, ताकि इस अभियान को सफल बनाया जा सके। कार्यक्रम के अंत में सभी ने फाइलेरिया मुक्त समाज के निर्माण के लिए सामूहिक प्रयास करने का संकल्प लिया।






