Breaking News

जमुई : विश्व पर्यावरण दिवस पर साईकिल यात्रा एक विचार ने चलाया जागरूकता अभियान

जमुई (Jamui), 5 जून : विश्व पर्यावरण दिवस के अवसर पर साईकिल यात्रियों के युवा समूह ने जमुई प्रखण्ड के दौलतपुर पंचायत के नीम नवादा ग्राम में पौधा रोपण कर पर्यावरण दिवस के रूप में मनाया गया। एक दर्जन सदस्यो द्वारा इससे पहले जमुई सदर प्रखण्ड से साईकिल यात्रा निकाली जो विभिन्न वार्डो में घूम घूम कर लोगो को आज के दिन अपने जीवन बचाने के लिए एक पौधा लगाने एवं उसे सुरक्षित रखने की अपील की गई।

मंच द्वारा इस अवसर पर नीम नवादा में लगाये गए पौधा को सुरक्षित और बड़ा पेड़ बनाने में पर्यावरण संरक्षण की दिशा में अतुलनीय योगदान देने के लिए जयनंदन प्रसाद एवं डॉ विनय कुमार को पर्यावरण का सच्चा मित्र बताया गया।

इस मंच के सदस्य सिंटू कुमार ने अपने जन्मदिवस के अवसर पर बच्चों के साथ पौधारोपण कर एवं इनके बीच अध्ययन सामग्री के रूप में किताब, कॉपी, पेंसिल, मिठाई, बिसकिट्स इत्यादि का वितरण कर अपना जन्मदिन मनाया। इस मौके पर इनके द्वारा बताया गया कि बच्चे ही हमारे भविष्य है, इनको अभी से ही अच्छी शिक्षा के साथ साथ पर्यावरण के प्रति जागरूक करना होगा।
मंच के सदस्य आकाश कुमार ने बताया कि इस वर्ष विश्व पर्यावरण दिवस की थीम है "प्रकृति के प्रति अपना कर्तव्य" यानी हर इंसान को यदि स्वच्छ रहना चाहता है तो अपने रोजमर्रा कार्यो के अलावा प्रतिदिन 5-10 मिनट प्रकृति को देना होगा, हमारे जीवन शैली इतनी भागदौड़ वाली हो गयी की अपने स्वास्थ्य और वातावरण के बारे में सोचते ही नही है, जिसका परिणाम हमलोग पिछले 2 साल से कोरोना जैसी महामारी से उत्पन्न हुई स्थिति को झेल रहे हैं, जो कहि ना कहि हमलोगों के द्वारा पर्यावरण की क्षति को पहुचाने का परिणाम हैं। कोरोना वायरस हमें खुद को हमेसा स्वच्छ रहने का संदेश देता हैं, यदि आप स्वच्छ है तो कोरोना वायरस तो क्या कोई रोग नही हो सकता हैं। 

सदस्य हरेराम कुमार सिंह विश्व पर्यावरण दिवस हमें इस बात का एहसास दिलाता है कि हमें प्रकृति का सम्मान करना चाहिए एवं हमें अपनी प्रकृति से प्रेम करना चाहिए। पेड़-पौधों को अपनी सुख सुविधाओं के लिए नष्ट नहीं करना चाहिए, बल्कि पेड़-पौधे ज्यादा से ज्यादा लगाना चाहिए, ताकि हमारी धरती हरी-भरी रहे. आधुनिक समय में औद्योगिकीकरण ने कार्बन उत्सर्जन की मात्रा को कई गुणा बढ़ा दिया है। कार्बन से उत्पन्न प्रदूषण को तभी कम किया जा सकता है, जब हम खूब पेड़-पौधें लगायेंगे एवं नदी, नाले, झरने इत्यादि की रक्षा करेंगें।

इस अवसर पर उपस्थित सदस्य शेषनाथ राय, अजीत कुमार, रंधीर कुमार, विनय कुमार तांती, सिंटू कुमार, हरेराम कुमार सिंह, आकाश कुमार, अभिषेक राज, लड्डू मिश्रा, शरद कुमार, कुंदन सिन्हा सहित कई ग्रामीण उपस्थित थे।