गिद्धौर : मंत्रोच्चार के साथ विधि-विधानपूर्वक हुई कायस्थों के आराध्य भगवान चित्रगुप्त की पूजा - gidhaur.com : Gidhaur - गिद्धौर - Gidhaur News - Bihar - Jamui - जमुई - Jamui Samachar - जमुई समाचार

Breaking

A venture of Aryavarta Media

Post Top Ad

Post Top Ad

Sunday, 7 November 2021

गिद्धौर : मंत्रोच्चार के साथ विधि-विधानपूर्वक हुई कायस्थों के आराध्य भगवान चित्रगुप्त की पूजा

गिद्धौर/जमुई (Gidhaur/Jamui), 7 नवंबर : कलमजीवियों के आराध्य, कायस्थों के आदिदेव, कलम-दावात के देवता भगवान चित्रगुप्त की पूजा शनिवार को कार्तिक मास के शुक्ल पक्ष की द्वितीया पर गिद्धौर में उल्लासित माहौल में की गई। कायस्थ समाज के गिद्धौर निवासी सुशान्त साईं सुन्दरम एवं कुंदन अम्बष्ठ ने अपने-अपने आवास पर अटूट आस्था के साथ भगवान चित्रगुप्त का आह्वान किया।

दोनों ही आवास पर परिवार सहित विधि-विधान पूर्वक भगवान चित्रगुप्त की पूजा-अर्चना वैदिक मंत्रोच्चार के साथ की गई।

सुशान्त ने बताया कि यम द्वितीया के दिन ब्रम्हा के शरीर से उत्पन्न चित्रगुप्त भगवान की पूजा की जाती है। इस दिन कायस्थ कलम का उपयोग नहीं करते। सनातन धर्म के अनुसार चित्रगुप्त महाराज सृष्टि के प्रथम न्यायाधीश हैं और उन्हें देवलोक में धर्म का अधिकारी भी कहा जाता है। मान्यता है कि भगवान चित्रगुप्त की पूजा करने से इंसान को नरक की यातनाओं से मुक्ति मिलती है और उनके पाप नष्ट हो जाते हैं।

इधर भाई के लंबी आयु के लिए बहनों द्वारा भाई दूज का त्योहार भी धूमधाम के साथ मनाया गया। बहनें पूजा-अर्चना की तैयारी में सुबह से ही जुट गई थीं। शुभ मुहुर्त के साथ बहनें सामूहिक रूप से पूजा-अर्चना के लिए जुटीं और पूरे विधि-विधान के साथ बहनों ने भाइयों की लंबी आयु की कामना की।

Post Top Ad