Header Ad

header ads

प्रधानमंत्री आवास योजना में बड़ा घालमेल, सहायिका के बजाय उनके पति करते हैं काम

गिद्धौर/जमुई :
निर्धन लोगों को उनकी क्रयशक्ति के अनुकूल आशियाना मुहैया कराने को लेकर भारत सरकार द्वारा पीएम आवास योजना की शुरुआत की गई थी। ग्रामीण क्षेत्रों में इस योजना के सफल क्रियान्वयन को लेकर विभागीय आदेश पर सहायकों की नियुक्ति भी की गई, पर जरा गिद्धौर प्रखण्ड क्षेत्र की बानगी तो देखिए, यहां सरकार के इस महत्वकांक्षी योजना में सहायिका के रूप में नियुक्त महिला कर्मी के स्थान पर उनके पति काम कर रहे हैं।

जी हां, गिद्धौर प्रखण्ड के पतसंडा एवं गंगरा पंचायत में आवास सहायक के बदले उनके पति ही योजनाओं को फलीभूत करने में लगे हैं। लिहाजा उक्तांकित पंचायत के ग्रामीण क्षेत्रों में सरकार की ये योजना नियमों से बेपटरी होती दिख रही है।
लाभुकों ने सुनाई अपनी व्यथा
पीएम आवास योजना से जुड़े लाभुकों ने नाम न छापने के शर्त पर अपनी व्यथा सुनते हुए बताया है कि हमलोग अपने पंचायत के आवास सहायक से पूर्णतः अनभिज्ञ हैं। महिला कर्मी के स्थान पर उनके पति ही आकर पूरे क्रियाकलाप को अंजाम देते हैं। पतसंडा तथा गंगरा पंचायत में महिला आवास सहायिका के पदस्थापन होने के बावजूद उनके पति द्वारा विभागीय कार्य को अंजाम देना अनियमितता को परिभाषित करता है।

नियुक्त हुई महिला कर्मी के जगह उनके पति का काम करना समझ से परे है। लाभुकों ने बताया कि प्रखण्ड के पदाधिकारी भी मामले से अनभिज्ञ नहीं हैं, बावजूद इसके अब तक कार्रवाई न होना पीएम आवास योजना के पारदर्शिता पर सवालिया निशान लगा रहा है।
बोले अधिकारी- 'होगी कार्रवाई'
"इस मामले से जुड़े कोई जानकारी मुझे नहीं है। यदि ऐसा है तो विभागीय स्तर पर कार्रवाई की जाएगी।"
- अरुण कुमार ठाकुर (उप विकास आयुक्त, जमुई)