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जमुई : एबीवीपी की मांग - बलात्कारियों को सार्वजनिक स्थान पर दी जाए फांसी

जमुई [सुशान्त साईं सुन्दरम] :
अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद द्वारा सोमवार को प्रयास एजुकेशन परिसर में श्रद्धांजलि सभा का आयोजन किया गया। जिसकी अध्यक्षता एबीवीपी के जिला प्रमुख राजीव रंजन एवं नगर मंत्री राहुल सिंह ने की।
इस दौरान वहां उपस्थित नगर उपाध्यक्ष कुमार विकास एवं अभिषेक तिवारी ने कहा कि आज जिस प्रकार से बेटियों के साथ लगातार बलात्कार की घटना घट रही है यह हमें सोचने पर मजबूर करती है। आज बहुत मन को तकलीफ होता है कि छोटी-छोटी बच्चों के साथ भी बलात्कार की घटना आए दिन सुनने को मिलती है। हम सरकार के भरोसे नहीं रह सकते हैं हमें अपने आप में बदलाव करने की आवश्यकता है। अपने नजरिया को बदलें और सभी को अपनी माँ-बहन के समान इज्जत दें।
वहीं एबीवीपी के प्रदेश कार्यकारिणी सदस्य कुंदन यादव ने कहा कि हैदराबाद की घटना काफी दुखदाई है। जो भी दोषी है उसे कड़ी से कड़ी सजा मिलनी चाहिए ताकि आने वाले दिनों में फिर ऐसी घटना दोहराई नहीं जा सके।
मौके पर उपस्थित मुंगेर विश्वविद्यालय सीनेट के सदस्य सह एबीवीपी के विभाग संयोजक शैलेश भारद्वाज ने कहा कि हैदराबाद की घटना हो, या दिल्ली की निर्भया घटना हो, या भोपाल की छोटी सी बच्ची के साथ घटी घटना, यह हमें दर्शाता है कि आज मानवता शर्मसार हो रही है। हम मनुष्य कम जानवर ज्यादा बनते जा रहे हैं। देश के कानून का डर इन बलात्कारियों के मन में थोड़ा सा भी नहीं है।
बलात्कारी को फांसी की सजा मिले सरकार को ऐसा कानून बनाना चाहिए। लेकिन सार्वजनिक जगह पर फांसी मिलना चाहिए ताकि सभी बलात्कारी के मन में डर रहे। जिस देश में महिलाओं को पूजा जाता हो उसी देश में ऐसी घटना बढ़ते जा रही है। हमें सोचना चाहिए कि समाज किस दिशा में जा रहा है। हमें इस पर सोचना चाहिए और सभी को जागरूक होना चाहिए ताकि हमारे घर की बहू-बेटियां सुरक्षित रहे और दूसरे की भी बहू बेटियां सुरक्षित रहे। समाज को ऐसे बलात्कारियों का बहिष्कार करना चाहिए।
वहीं मौके पर उपस्थित मिथुन कुमार, केसर सिंह, भानु सिंह, जूही कुमारी, पूनम कुमारी, काजल कुमारी, पल्लवी कुमारी, छोटी कुमारी, सुमन कुमारी, सिमरन कुमारी ,रेखा कुमारी, मोना कुमारी, मनीषा कुमारी, कोमल कुमारी, राजेश कुमार, सूरज कुमार, पप्पू कुमार, अभिमन्यु कुमार, रोशन कुमार, आजाद राय, दीपक कुमार, गुलशन कुमार सैकड़ों की संख्या में छात्र-छात्राएं उपस्थित थे।