18 वर्षों के संघर्ष के बाद जगी उम्मीद की नई किरण, LET 2026 की घोषणा का स्वागत - gidhaur.com : Gidhaur - गिद्धौर - Gidhaur News - Bihar - Jamui - जमुई - Jamui Samachar - जमुई समाचार

Breaking

Responsive Advertisement

Responsive Advertisement

Responsive Advertisement

सोमवार, 28 सितंबर 2026

18 वर्षों के संघर्ष के बाद जगी उम्मीद की नई किरण, LET 2026 की घोषणा का स्वागत

जमुई/बिहार, 28 सितंबर 2026, सोमवार : बिहार विद्यालय परीक्षा समिति द्वारा विद्यालय पुस्तकालयाध्यक्ष पात्रता परीक्षा (LET) 2026 की घोषणा किए जाने के बाद पुस्तकालय विज्ञान के अभ्यर्थियों में उत्साह और उम्मीद का माहौल है। परीक्षा की घोषणा का ऑल बिहार ट्रेंड लाइब्रेरियन एसोसिएशन की जमुई जिला इकाई ने स्वागत करते हुए बिहार सरकार, शिक्षा विभाग एवं बिहार विद्यालय परीक्षा समिति के प्रति आभार व्यक्त किया है।

लंबे संघर्ष के बाद मिली परीक्षा की घोषणा
एसोसिएशन के अनुसार, पुस्तकालय विज्ञान के अभ्यर्थियों के अधिकार, रोजगार और विद्यालयों में पुस्तकालयाध्यक्षों की नियुक्ति की मांग को लेकर पिछले लंबे समय से संघर्ष किया जा रहा था। संगठन के प्रदेश अध्यक्ष विकास चन्द्र सिंह के नेतृत्व में आंदोलन, ज्ञापन, मीडिया अभियान और सोशल मीडिया के माध्यम से लगातार अभ्यर्थियों की समस्याओं को उठाया गया।

संगठन का कहना है कि वर्षों से लंबित मांग को लेकर लगातार चलाए गए इस अभियान के बीच LET 2026 की घोषणा अभ्यर्थियों के लिए उम्मीद की महत्वपूर्ण किरण के रूप में सामने आई है।

मीडिया और सोशल मीडिया के जरिए उठाई गई आवाज
इस संघर्ष में ऑल बिहार ट्रेंड लाइब्रेरियन एसोसिएशन के जमुई जिला अध्यक्ष सह प्रदेश मीडिया प्रभारी माधवेन्द्र कुमार पाण्डेय ने भी सक्रिय भूमिका निभाई। उन्होंने मीडिया और सोशल मीडिया के माध्यम से पुस्तकालय विज्ञान अभ्यर्थियों की समस्याओं को सामने रखने के साथ आंदोलन से जुड़ी गतिविधियों को व्यापक स्तर पर पहुंचाने का प्रयास किया।

एसोसिएशन की ओर से कहा गया कि यह अभियान केवल संगठनात्मक गतिविधि तक सीमित नहीं रहा, बल्कि पुस्तकालय विज्ञान के हजारों अभ्यर्थियों के भविष्य, रोजगार और सम्मान से जुड़ा विषय बन गया।
‘उपलब्धि किसी एक व्यक्ति की नहीं’
माधवेन्द्र कुमार पाण्डेय ने कहा कि LET 2026 की घोषणा किसी एक व्यक्ति की उपलब्धि नहीं है। यह उन सभी अभ्यर्थियों और साथियों के सामूहिक प्रयास का परिणाम है, जिन्होंने लंबे समय तक कठिन परिस्थितियों के बावजूद अपनी मांगों को लेकर संघर्ष जारी रखा।

उन्होंने कहा कि परीक्षा की घोषणा से निश्चित रूप से अभ्यर्थियों में खुशी है और एक नई उम्मीद जगी है, लेकिन संघर्ष अभी पूरी तरह समाप्त नहीं हुआ है। योग्य अभ्यर्थियों को नियुक्ति का अवसर मिलने के बाद ही इस संघर्ष को पूर्ण सफलता माना जाएगा।

नियुक्ति प्रक्रिया शुरू होने की उम्मीद
जमुई जिला इकाई ने उम्मीद जताई कि LET 2026 के आयोजन के बाद विद्यालयों में पुस्तकालयाध्यक्षों की नियुक्ति की प्रक्रिया को भी आगे बढ़ाया जाएगा। संगठन का कहना है कि बिहार के विद्यालयों में पुस्तकालयाध्यक्षों के पदों पर योग्य अभ्यर्थियों को अवसर मिलने से न केवल रोजगार का रास्ता खुलेगा, बल्कि विद्यालयी शिक्षा व्यवस्था में पुस्तकालयों की भूमिका भी मजबूत होगी।

LET 2026 की घोषणा के बाद पुस्तकालय विज्ञान के अभ्यर्थियों के बीच लंबे समय से चली आ रही प्रतीक्षा के समाप्त होने और आगे नियुक्ति की प्रक्रिया शुरू होने की उम्मीद को लेकर सकारात्मक माहौल बना है।

Responsive Advertisement