खैरा/जमुई (Khaira/Jamui), 5 मई 2026, मंगलवार : पर्यावरण संरक्षण और जन-जागरूकता के उद्देश्य से साईकिल यात्रा एक विचार, जमुई द्वारा आयोजित 539वीं निरंतर रविवारीय साइकिल यात्रा रविवार को उत्साह और संकल्प के साथ निकाली गई। यात्रा की शुरुआत श्रीकृष्ण सिंह स्टेडियम से हुई, जिसमें शामिल सदस्यों ने लगभग 17 किलोमीटर की दूरी तय कर खैरा प्रखंड के डुमरियाटांड गांव पहुंचकर ग्रामीणों के बीच पर्यावरण संरक्षण का संदेश फैलाया।
यात्रा के दौरान प्रतिभागियों ने न केवल साइकिलिंग के माध्यम से स्वास्थ्य और पर्यावरण के प्रति जागरूकता का संदेश दिया, बल्कि गांव में पहुंचकर “एक टोला–एक बगीचा” अभियान के तहत पौधारोपण भी किया। टीम के सदस्यों ने ग्रामीणों से अपील की कि लगाए गए पौधों का संरक्षण भी उतनी ही जिम्मेदारी से करें, ताकि आने वाली पीढ़ियों के लिए हरियाली और स्वच्छ वातावरण सुनिश्चित किया जा सके।
पर्यावरण संकट पर जताई गहरी चिंता
कार्यक्रम के दौरान उपस्थित कुंदन सिन्हा और शिवम उपाध्याय ने वर्तमान पर्यावरणीय स्थिति पर चिंता व्यक्त करते हुए कहा कि पेड़ों की अंधाधुंध कटाई, जंगलों का तेजी से खत्म होना, बढ़ता प्रदूषण और जल स्रोतों का सूखना गंभीर खतरे का संकेत है।
उन्होंने बताया कि हालिया वैश्विक तापमान आंकड़ों के अनुसार विश्व के 100 सबसे गर्म शहरों में 90 से अधिक शहर भारत के हैं, जहां तापमान 40 से 47 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच चुका है। यह स्थिति भविष्य के लिए गंभीर चेतावनी है।
हीटवेव और स्वास्थ्य पर बढ़ता खतरा
वक्ताओं ने कहा कि शहरों और ग्रामीण क्षेत्रों में हरियाली की कमी के कारण तापमान में लगातार वृद्धि हो रही है। हीटवेव का प्रभाव अब केवल मौसम तक सीमित नहीं रहा, बल्कि इसका सीधा असर लोगों के स्वास्थ्य और जीवनशैली पर पड़ रहा है।
हीट स्ट्रोक, डिहाइड्रेशन, बिजली संकट, जल की कमी और फसलों के नुकसान जैसी समस्याएं तेजी से बढ़ रही हैं। खासकर बुजुर्ग, बच्चे और बाहर काम करने वाले मजदूर इससे सबसे अधिक प्रभावित हो रहे हैं। ऐसे में सामूहिक रूप से पौधारोपण और हरियाली बढ़ाना समय की सबसे बड़ी आवश्यकता बन गई है।
पुलिस अधिकारी ने भी दिया जागरूकता का संदेश
इस अवसर पर मौजूद पुलिस अवर निरीक्षक निलेश कुमार सिंह ने भी लोगों को पर्यावरण संरक्षण के प्रति जागरूक करते हुए कहा कि बढ़ते तापमान और जलवायु परिवर्तन से बचने के लिए हर गांव और हर टोला में सामूहिक रूप से कम से कम एक बगीचा विकसित करना आवश्यक है।
उन्होंने चेतावनी देते हुए कहा कि यदि अभी से ठोस कदम नहीं उठाए गए, तो आने वाले समय में यह क्षेत्र भी भीषण हीटवेव की चपेट में आ सकता है, जिससे जनजीवन प्रभावित होगा। उन्होंने “एक पौधा लगाओ, उसका संरक्षण करो” को आज के समय की सबसे बड़ी जरूरत बताया।
जनभागीदारी से सफल हुआ अभियान
इस साइकिल यात्रा और पौधारोपण कार्यक्रम में बड़ी संख्या में ग्रामीणों और युवाओं ने भाग लिया। मौके पर प्रदीप उपाध्याय, हर्ष कुमार सिन्हा, सागर कुमार, राकेश कुमार, अमन सिंह चंदेल, शांतनु सिंह, विवेक कुमार, पंकज कुमार, लड्डू मिश्रा, सत्यम कुमार, सुंदरम कुमार, शिवम कुमार, शैलेश भारद्वाज सहित कई लोग उपस्थित रहे।
पर्यावरण संरक्षण की दिशा में प्रेरणादायक पहल
“साईकिल यात्रा एक विचार” की यह पहल न केवल पर्यावरण संरक्षण के प्रति जागरूकता बढ़ा रही है, बल्कि समाज को एकजुट कर हरियाली के विस्तार के लिए प्रेरित भी कर रही है। लगातार 539 सप्ताह से जारी यह अभियान इस बात का उदाहरण है कि सामूहिक प्रयास से बड़े बदलाव संभव हैं। आने वाले समय में भी इस तरह की पहलें पर्यावरण संतुलन बनाए रखने में अहम भूमिका निभाएंगी।






