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सोमवार, 11 जनवरी 2021

गिद्धौर : किसान भवन में गाहे-बगाहे मिलते हैं समन्वयक व कर्मी, DAO बोले-कटेगा वेतन

【न्यूज़ डेस्क | अभिषेक कुमार झा】:-

एक ओर जहां मौजूदा सरकार अन्नदाताओं को आत्मनिर्भर बनाने के लिए विभिन्न योजनाओं का संधारण कर रही है तो वहीं, दूसरी ओर कृषि कार्यालय में विभागीय कर्मियों का नदारद रहना अतनिर्भरता के राह में रोड़ा बन रही है।

इसकी बानगी सोमवार को गिद्धौर प्रखण्ड कार्यालय के ई. किसान भवन में देखने को मिली जब gidhaur.com के साथ कुछ अन्य संवाददाताओं की टीम 11:54 बजे ई. किसान भवन पहुंची, तो कार्यालय में सन्नाटा पसरा पाया। इसके साथ ही एक कक्ष में साहब की कुर्सी खाली मिली, कर्मी गायब थे, तकनीकी प्रबन्धक यहाँ तक कि कृषि समन्वयक भी नदारद इसके अलावे व अन्य कार्यालयों में लटके ताले कर्मियों के अनुपस्थिति की गवाही दे रहे थे।


खाली पड़ी साहब की कुर्सी
इधर, भवन में मौजूद एक मात्र चतुर्थवर्गीय कर्मी रामधनी पासवान ने पूछे जाने पर बताया कि बीएओ साहब यहां अतिरिक्त प्रभार में हैं, ऐसे में सप्ताह भर या फिर 12-1 बजे के बाद ही उनका दर्शन संभव हो पाता है, फिलहाल उनके आने की कोई जानकारी नहीं है।

यहाँ यह बता दें,  देर से आना और जल्दी चले जाना कृषि विभाग से जुड़े विभागीय कर्मियों की अदातों में शुमार हो गई है, जिसका खामियाजा स्थानीय व सुदूर ग्रामीण इलाकों से आने वाले किसानों को भुगतना पड़ रहा है। कक्ष के बाहर बाबुओं का इंतजार कर रहे कुछ परेशान  किसानों ने ‘ऑफ कैमरा’ बताया कि समय पर कभी यहां कर्मियों के दर्शन नहीं हो पाते, अधिकारी व कृषि समन्वयक भी यहां गाहे -बगाहे ही मिलते हैं। प्रखंड कृषि कार्यालय के कर्मी व पदाधिकारियों की उदासीन कार्यशली क्षेत्र के किसानों के लिए सिरदर्द का कारण बन रहा है।  यूं, तो अनियमितता को लेकर गिद्धौर का ई. किसान भवन सुर्खियों में रहा है। कई बार इस तरह की तस्वीरें सामने आते रहे हैं, पर अभी भी अक्सर कृषि कार्यालय में अधिकारियों के लेट लतीफी का सिलसिला बदस्तूर जारी है।


कार्यालय में लटक रहा ताला


◆ क्या कहते हैं जिला कृषि पदाधिकारी

जब gidhaur.com के प्रतिनिधि ने जिला कृषि पदाधिकारी संजय कुमार को पूरे प्रकरण से अवगत कराया तो उन्होंने प्रतिक्रिया व्यक्त करते हुए कहा कि इस क्षेत्र में कृषि से जुड़े कार्यो के अलावा कार्यालय का नियमित संचालन भी बेहद जरूरी है। इसमे कोताही बरतने वाले कर्मियॉँ के वेतन की कटौती कर उनपर कार्रवाई की जाएगी।

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