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गुरुवार, 12 सितंबर 2019

गिद्धौर : श्रद्धा भक्तिभाव के साथ मनाया गया अनंत चतुर्दशी व्रत, मंदिरों में लगी रही भीड़

【गिद्धौर (न्यूज़ डेस्क) | धनंजय /अभिषेक】 :-

भाद्र मास के शुक्ल पक्ष की चतुर्दशी को अनंत चतुर्दशी का पर्व मनाया जाता है। गिद्धौर प्रखंड भर में गुरुवार को श्रद्धा भक्तिभाव के साथ अनंत चतुर्दशी का व्रत मनाया गया।


अनंत भगवान की पूजा के बाद चौदह गांठ वाले सूत्र को अनंत भगवान का स्वरूप मान कर पुरुष श्रद्धालुओं ने दाएं व महिलाओं श्रध्दालुओं ने बाएं बाजू पर धारण किया। ऐसी मान्यता है कि अनंत के चौदह गांठों में प्रत्येक गांठ एक-एक लोक का प्रतीक है। जिसकी रचना भगवान विष्णु ने की है।
श्रद्धालुओं ने अपने अपने घरों और मंदिरों में अंत ना होने वाले श्रृष्टि कर्ता विष्णु के स्वरूप भगवान अनंत की विधि विधान साथ पूजा-अर्चना किया।  गिद्धौर स्थित बाबा बूढानाथ मंदिर और दुर्गा मंदिर व पंचमंदिर में सुबह से ही श्रद्धालुओं की भीड़ लगी रही।


इस पर्व को लेकर घर एवं मंदिरों में भी भगवान विष्णु की कथा वाचन श्रवण ब्राह्मणो के द्वारा सुनते हैं। 14 गांठ के अनंत सूत्र को रखकर उसकी पूजा के साथ रोली, चंदन, पुष्प, फल, खीरा, गाय का दूध, पंचामृत, मौली आदि अर्पण कर अनंत सूत्र धारण करने का मंत्र का उच्चारण कर भक्त अपने बाजू में इस सुत्र को बांधते हैं। महिलाएं व्रत को सुख समृद्धि सौभाग्य के लिए और पुरुष ऐश्वर्या की प्राप्ति के लिए व्रत को करते हैं। इस दिन श्रद्धालु ब्राह्मणों के बीच दान भी किया गया । वहीं ब्राह्मण दीपू पंडित, कपूरी झा, कृष्ण मुरारी झा आदि मिलकर सभी लोगो को कथा के माध्यम से बताया कि हिंदू धर्म में अनंत चतुर्दशी का विशेष महत्व हैं। अनंत चतुर्दशी के दिन भगवान विष्णु के अनंत रुप की पूजा करने से भक्तों की मनोकामनाएं पूर्ण होती हैं।

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