अलीगंज : विद्यालय में पेयजल संकट, विभागीय उदासीनता के कारण सूख रहे बच्चों के हलक़

अलीगंज/जमुई (Aliganj/Jamui), 25 मार्च 
* रिपोर्ट :- चंद्रशेखर सिंह 
✓ संपादन : शुभम मिश्र 
जिले के अलीगंज प्रखंडान्तर्गत सहोड़ा पंचायत के नवीन प्राथमिक विद्यालय धनामा में 20 दिनों से चापाकल खराब रहने से बच्चों एवं शिक्षकों को पेयजल संकट का सामना करना पड़ रहा है। इस बाबत विद्यालय प्रभारी शांति नंदा ने बताया कि चापाकल खराब रहने से बच्चों एवं शिक्षकों को पेयजल संकट के साथ-साथ मध्याह्न भोजन भी प्रभावित हो रहा है।

जल की समुचित व्यवस्था नहीं रहने से मध्याह्न भोजन के लिए स्कूल में कार्यरत रसोईयों को विद्यालय से एक किलोमीटर दूर जाकर पानी लाना पड़ रहा है। इस परेशानी की सूचना हमने पी. एच. ई. डी. विभाग के कनीय अभियंता एवं एस. डी. ओ. को कुछ दिन पूर्व दे दी थी, बावजूद अब-तक विभाग द्वारा कोई भी कारगर कदम नहीं उठाया गया है।

वहीं बच्चों के अभिभावकों एवं ग्रामीणों में संबंधित विभाग द्वारा उदासीन रवैये को लेकर आक्रोश व्याप्त है। कुछ ग्रामीणों ने बताया कि एक ओर सरकार द्वारा पेयजल संकट से उबारने के लिए राज्य भर में कई योजनाएं चलायी जा रही है, तो दूसरी ओर संबंधित विभाग कुंभकर्णी निद्रा में सोया हुआ है। इन्हें लोगों की परेशानी से कोई लेना-देना नहीं लग रहा है।
गर्मी की दस्तक में जब यह परेशानी हो रही है तो जेठ की तपती धूप में क्या होगा...? जबकि दो दिन पूर्व जिलाधिकारी जमुई द्वारा जिले के तमाम मरम्मत के अभाव में खराब पड़े चापाकल को ठीक करने को लेकर एक मरम्मती दल को रवाना किया गया है और निर्देश दिया है कि विभाग को सूचना मिलने पर त्वरित कार्रवाई करते हुए उस दल को मरम्मती के लिए उक्त स्थान पर भेजा जाए। बावजूद इसके सूचना देने पर भी अबतक कोई कार्रवाई नहीं की गई है।

वहीं प्रबुद्धजन प्रभुदयाल सिंह, धर्मेन्द्र कुशवाहा, समाजसेवी महेश सिंह राणा, कांग्रेस नेता धर्मेन्द्र पासवान उर्फ गुरूजी, शशिशेखर सिंह मुन्ना, महिला नेत्री शीलू देवी, सुलेखा देवी, चंद्रशेखर आजाद, नगीना चंद्रवंशी सहित दर्जनों गणमान्य लोगों ने स्कूल के बच्चों के लिये अविलंब पानी की समुचित व्यवस्था करवाने की मांग की है और कहा है कि नहीं तो हम सभी ग्रामीण आंदोलन के लिए बाध्य हो जायेंगे।

Post a Comment

Previous Post Next Post