Breaking News

खैरा : स्वतंत्रता सेनानी को 3 वर्षों से नहीं मिला पेंशन, विभाग मौन


【खैरा | नीरज कुमार】:-

देश की शान बरकरार रखने के लिए कइ स्वंत्रता सेनानी मैदान में कूदे। पर जब इनके योगदान को सम्मान न मिलना सिस्टम की अनियमितता को दर्शाता है। ऐसा ही एक मामला जमुई जिले के डूमरकोला गांव से प्रकाश में आया है।


मामला है प्रसिद्ध स्वतंत्रता सेनानी डूमरकोला निवासी 92 वर्षीय कमला मंडल की, जिन्हें भारत सरकार द्वारा मिलने वाला प्रति माह पाँच हज़ार रुपये का पेंशन 3 वर्षों से नहीं मिला है।
  1942 के स्वतंत्रता संग्राम में बढ़ चढ़कर हिस्सा लेने वाले ब्रिटिश हुकूमत के सिपाहियों से मार खाने वाले कई असाध्य रोगों से पीड़ित है और चारपाई पर पड़े हुए हैं।  उन्होंने कहा कि मैं उक्त पेंशन पाने के लिए कई बार सम्बंधित कार्यालयों का चक्कर लगाया मगर मुझे इसमें सफलता नहीं मिल पाई। अंत में हार कर बैठ गया मैं अब इस लायक नहीं हूँ की बार बार कार्यालय एवं बैंक का चक्कर लगा सकूँ। टाल मटोल की नीति से तंग आकर धीरे-धीरे अस्वस्थ होता जा रहा हूँ। मैं सम्बंधित पदाधिकारी एवं बैंक से आग्रह करता हूँ कि मेरा काम को आगे बढ़ाये ताकि मेरे बकाया राशि का भुगतान हो सके।
स्वतंत्रा सेनानी अपने पेंशन शुरू होने के आस में सरकारी सिस्टम पर चिंता जाहिर करते हुए, उन्होंने कहा कि पेंशन बुढापे की लाठी होती है, पर विभागीय लापरवाही से मेरी लाठी हाथ से छूटती दिखाई पड़ रही है।